बजट में महंगाई, बेरोज़गारी, शिक्षा, कृषि एवं स्वास्थ्य को प्राथमिकता दे सरकार — एसडीपीआई
यूपी बजट सत्र में शांतिपूर्वक और सार्थक बहस होनी चाहिए : ऩिज़ामुददीन ख़ान

लखनऊ (एशियन पत्रिका ब्यूरो)
सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष निजामुद्दीन खान ने 9 फरवरी 2026 से आरंभ होने वाले उत्तर प्रदेश विधान सभा के बजट सत्र के अवसर पर सत्ता पक्ष एवं विपक्ष के सभी माननीय सदस्यों से अपील की है कि सदन की कार्यवाही को शांतिपूर्ण, मर्यादित और लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप संचालित होने में अपना पूर्ण सहयोग करें। उन्होंने कहा कि बजट सत्र प्रदेश की जनता से जुड़े ज्वलंत मुद्दों पर गंभीर और सकारात्मक बहस का महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने सभी दलों से आग्रह किया कि राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर जनता के हितों को सर्वोपरि रखते हुए सदन में सार्थक चर्चा सुनिश्चित करें। एसडीपीआई प्रदेश अध्यक्ष ने प्रदेश सरकार से आगामी बजट में शिक्षा, गरीबों, किसानों, मज़दूरों, अल्पसंख्यकों और समाज के कमजोर एवं वंचित वर्गों के हितों को प्राथमिकता देने की मांग की है। उन्होंने कहा है कि बजट में महंगाई, बेरोज़गारी, शिक्षा, कृषि, किसानों की आय और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी समस्याओं पर ठोस प्रावधान किए जाने की आवश्यकता है। उन्होंने यह भी कहा कि “बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज़ नहीं, बल्कि जनता की उम्मीदों का प्रतिबिंब होता है। सरकार को चाहिए कि वह जनहित को केंद्र में रखते हुए समावेशी और न्यायपूर्ण बजट प्रस्तुत करे, जिससे प्रदेश के हर वर्ग को विकास का लाभ मिल सके।” एसडीपीआई का मानना है कि यदि सत्ता पक्ष और विपक्ष मिलकर सकारात्मक सोच के साथ सदन की कार्यवाही चलाएं तो यह बजट सत्र प्रदेश की जनता के लिए लाभकारी और ऐतिहासिक सिद्ध हो सकता है।







