एपीएससी टॉपर असम के वन अधिकारी शिबशिश संदीला गिरफ्तार, लखिमपुर में 12 हजार रिश्वत लेते धराए।
एपीएससी टॉपर असम के वन अधिकारी शिबशिश संदीला गिरफ्तार, लखिमपुर में 12 हजार रिश्वत लेते धराए।

एपीएससी टॉपर असम के वन अधिकारी शिबशिश संदीला गिरफ्तार, लखिमपुर में 12 हजार रिश्वत लेते धराए।
पंकज नाथ, असम, 2 मई :
असम लोक सेवा आयोग (एपीएससी) परीक्षा में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले वरिष्ठ वन अधिकारी शिबशिश संदीला को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया। असम के लखिमपुर जिले में वन रेंजर के पद पर तैनात संदीला ने अपने आधिकारिक निवास पर एक डंपर ट्रक मालिक से 12 हजार रुपये रिश्वत ली। असम पुलिस की विजिलेंस एंड एंटी-करप्शन टीम ने गुप्त सूचना पर 1 मई को छापा मारा। जानकारी के अनुसार, संदीला ने डंपर ट्रक के अवैध परिवहन—खासकर वन उत्पादों या रेत के—की अनुमति के बदले यह रकम वसूली। ट्रक मालिक ने वन विभाग के प्रतिबंध हटाने हेतु पैसे दिए। छापे में कई लाख रुपये नकद भी बरामद हुए। संदीला को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया जाएगा, जहां से रिमांड की मांग की जाएगी। जांच में अन्य अधिकारियों की संलिप्तता की भी पड़ताल हो रही है। लखिमपुर वन विभाग लंबे समय से अवैध लकड़ी कटाई, रेत परिवहन और अतिक्रमण रोकने में नाकाम रहा है। आरोप है कि यहां चेकपोस्टों पर रिश्वत के बिना वाहन नहीं गुजरते। आरोप यह भी उठा है कि यहां के जंगलों में चोरी आम है, जहां वनकर्मी तस्करों से सांठगांठ करते पाए जाते हैं। एपीएससी टॉपर की गिरफ्तारी ने असम के युवाओं में निराशा फैला दी। सोशल मीडिया पर सवाल उठ रहे हैं कि क्या मेहनत से चुने अधिकारी सत्ता में आते ही भ्रष्ट हो जाते हैं? असम वन सेवा संघ ने निष्पक्ष जांच की मांग की, लेकिन विभाग की छवि खराब न होने पर जोर दिया। जन संगठन पारदर्शिता और डिजिटल निगरानी की आवश्यकता बता रहे हैं। यह मामला असम सरकार के भ्रष्टाचार विरोधी अभियान को मजबूत करेगा। विशेषज्ञों का कहना है कि सख्त सजा और ई-मॉनिटरिंग से वन विभाग में सुधार संभव है। पुलिस ने पुष्टि की कि जांच जारी रहेगी, और जनता मजबूत कदमों की प्रतीक्षा कर रही है ताकि सरकारी संस्थाओं पर विश्वास बहाल हो।






